सौर ऊर्जा क्या है सौर ऊर्जा के क्या फायदे है | https://premdhruv.com

सौर उर्जा (सोलर एनर्जी ) किसे कहते है। – स्टेप by स्टेप जानकारी IN हिंदी

सौर उर्जा (सोलर एनर्जी )किसे कहते है। – स्टेप by स्टेप जानकारी IN हिंदी

सौर उर्जा क्या है।ये आप जानते ही होंगे यदि नहीं जानते तो कोई बात नहीं आज हम बात करेंगे सोलर एनर्जी की। सौर उर्जा को सोलर एनर्जी भी कहते हैं। सौर ऊर्जा के बारे में janana chahte hain to is पोस्ट को  पूरा पढ़े। 

What is solar energy ( सौर उर्जा क्या है। ) :-  सोलर एनर्जी सीधे सीधे सूर्य की किरणों से मिलती है। सोलर एनर्जी की उत्पति सूर्य की से हुई है। सोलर एनर्जी से prithvi पर जीवन astitva me aaya  है। धरती रहने वाले सभी सजीव saur urja पर निर्भर करते हैं। सोलर एनर्जी से ही हमारी पृथ्वी पर परिवर्तन देखने को मिलता है। ज्यादातर  बदलाव जैसे कि क्लाइमेट( जलवायु ) चेंज एवं WEATHER(मौसम) चेंज भी सोलर एनर्जी पर पर निर्भर करता है।

सौर उर्जा (सोलर एनर्जी )किसे कहते है। – स्टेप by स्टेप जानकारी IN हिंदी

सौर उर्जा

सौर उर्जा सामान्य रूप से सूर्य से मिलती है।सोलर एनर्जी को हम सौर शक्ति भी कहते हैं। सूर्य की ऊर्जा को विधुत ऊर्जा में परिवर्तित करते हैं। उसे ही saur urja कहा जाता है। विधुत उर्जा का उपयोग LIGHTING करने , एवं बड़े बड़े KARKHANO को चलाने में किया जाता है। विधुत एनर्जी हमारे जीवन में कितनी उपयोगी है यह सब आपको पता ही है। सूर्य से आने वाली किरणों को एकत्रित करके बनाई जाने वाली ऊर्जा को सोलर एनर्जी कहते है।

सोलर एनर्जी का IMPORTANCE क्या है।

देश मे SABSE JYADA बिजली  COALसे बनती है। अगले 30 सालों में CAOL (KOYLA) भी खत्म होने  पर है। ज्यादातर कोयले के भंडार बंध हो चुके हैं। अभी फिलहाल की बात करें तो अपने देश के हजारों गाँव ऐसे हैं जंहा आज तक बिजली पहुंचीं ही नहीं है। आज इस समय बिजली की कमी  हो रही है। तब  कैसे YAH संकट DUR होगा जब देश मे कोयले के BHANDAR अपना आखरी  charam sima पर होंगे। इसलिए हमें आज से ही यह सोचना पड़ेगा कि उर्जा के क्षेत्र में कैसे क्रांति लाई जाए। इसके लिए अब  हमे  सौर उर्जा के उत्पादन मैं नवीनीकरण और ऊर्जा संरक्षण के लिए अभी से कार्यरत होना बहुत जरूरी बन चुका है।

इसलिए उर्जा के क्षेत्र में सौर उर्जा पर ध्यान केंद्रित होना चाहिए। सौर उर्जा अक्षय उर्जा के तौर पर भी जानी जाती है। सौर उर्जा anant उर्जा का भंडार है। इसलिए हमें सौर उर्जा पर आज से ही काम शुरू कर देना चाहिए।

what is solar energy advantages and disadvantages

सोलर एनर्जी से क्या क्या फायदे हैं।

सौर उर्जा तकनीक का प्रयोग करके हम ऊर्जा के क्षेत्र में नये संसाधनों  का निर्माण कर सकते हैं। अब हम सौर उर्जा से होने वाले फायदों के बारे में बात करने जो निम्न प्रकार से हैं।

1. सौर उर्जा की mang क्यों है। क्यों कि सोलर एनर्जी कभी न खत्म होने वाली ऊर्जा है। यह उर्जा के क्षेत्र में बहुत बड़ी कामयाबी साबित होगी।

2. सोलर एनर्जी वातावरण को दूषित होने से बचाती है। सोलर एनर्जी के उपयोग में आने से ,उसमे से CO2 ,CO जैसे खतरनाक गैस का प्रसार होना बंद हो जाएगा। सोलर एनर्जी jalvayu एवं sajivदोनो के लिए ही लाभदायक है।

3. सोलर एनर्जी का कई कामों में उपयोग लिया जा सकता है। जैसे कि खाना पकाना, किसी भी वस्तु को सुखाना, कार, बस, प्लेन, ट्रैन, satelite etc. को चलाना। इसके अलावा और भी बहुत सी चीजों में इसका उपयोग कर सकते हैं।

4. सोलर एनर्जी के उपकरण सस्ते व बहुत ही  किफायती होते है। इसे कहीं भी कम लागत में लगाया जा सकता है। इसके उपकरण को घर ,छत आदि जगहों पर आसानी से फिट किया जा सकता है। सोलर एनर्जी किसी अन्य उर्जा से 1/4 भाग ही खर्च होता है। इससे सस्ता ईंधन गृहणी के लिए और कोई नहीं है।

5. भारत व अन्य देशों में ऊर्जा संसाधन इतना महंगा है। की वे उसका पूरा खर्च उठाने में भी असमर्थ है। उसके लिए सौर ऊर्जा आगे चलकर एक वरदान साबित होगी।

सौर ऊर्जा से क्या क्या नुकसान है।

1. सौर उर्जा का उत्पादन केवल वहीं किया जा सकता है। जंहा सूर्य का प्रकाश दिखाई देता है। अन्यथा सोलर एनर्जी का कोई वजूद नहीं रहता।

2. रात के समय andhere me rahna padta hai. सौर उर्जा

4. सोलर एनर्जी के उपकरण काफी बड़े होते हैं। इसलिए इसे लगाने के लिए काफी सारी जमीन की जरूरत पड़ती है। और उस जमीन पर और कुछ भी काम नहीं किया जा सकता है। जब तक वह सौर उर्जा से जुड़ी रहती है।

5. सोलर एनर्जी से  पैदा होने वाली उर्जा काफी खर्चीली व कम उर्जा पैदा होती है। इसका upyog मिडल क्लास  के लोगोंं के लिए  काफी  mahanga sabit hone wala hai.

6. सौर उर्जा के संसाधन सेंसेटिव होते है। इन्हें संभालने में काफी वक्त जाया होता है। इनका insurace वगैरह कराना काफी महंगा होता है। जिसके रहते आम इन्सान इनका प्रयोग आसानी से नहीं कर पाते हैं।

सोलर उर्जा  को अन्य उर्जा में परिवर्तित करना।

सौर उर्जा को दो भागों में बंटा जा सकता है। जो इस प्रकार से है।

1. सौर ताप :- सौर ताप को सोलर थर्मल भी कहा जाता है। इस प्रयोग में सूरज की गर्मी से हवा और द्रव्य पदार्थों को गर्म करके इसे घर और कारखानों में यूज़ किया जा सकता है।

2. प्रकाशीय विद्युत उर्जा :-  इस ऊर्जा को फ़ोटो इलेक्ट्रिक एनर्जी भी कहा जाता है। इस प्रयोग में सोलर एनर्जी को विद्युत उर्जा में परिवर्तित किया जाता है। इस विधि में फोटोवोल्टाक सेल का उपयोग होता है। विधुत एनर्जी का उपयोग घर, दुकान, उधोगो में किया जाता है।

कुछ सालों पहले सोलर एनर्जी का प्रयोग पुरानी बिल्डिंगों में किया जाता था। इसके बाद कुछ ससक्त देशों ने उर्जा के संसोधन में पहल की। बहुत से उद्योगों में सौर ऊर्जा से व्यापार करने और व्यापार को पारदर्शक बनाने के लिए सौर उर्जा में संशोधन किए जा रहे हैं। जो कई विपरीत परिस्थितियों में सौर उर्जा जैसा विकल्प मिलना संभव नही है।

सौर उर्जा (सोलर एनर्जी )किसे कहते है। – स्टेप by स्टेप जानकारी IN हिंदी

लास्ट वर्ड

सौर उर्जा के बहुत से importace है। सौर उर्जा सिस्टम फ्यूचर में बहुत ही उपयोग में आने वाली उर्जा के रूप में जानी जाएगी। सौर उर्जा से देश का विकाश तेज गति से होगा। सौर उर्जा से जल ,वायु , एवं जमीन तीनो ही प्रदूषित होने से बचेगें।

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धन्यवाद

धर्मेश राजपूत (एडमिन)

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